यह नीलां आसमान, यह तरो ताज़ी हवा
कहती है मुझसे अब कहीं तू न जा
यह ज़मीन है तेरी, और है आसमान
आ अब आकर यहीं बस जा
कहती है मुझसे अब कहीं तू न जा
यह ज़मीन है तेरी, और है आसमान
आ अब आकर यहीं बस जा
पर कैसे रह जाऊं मैं यहां
न ये ज़मीन है मेरी, न है आसमान
बंधें हैं ये सब भी मेरी तरह
इनको भी नाम दे दिया इंसान
न ये ज़मीन है मेरी, न है आसमान
बंधें हैं ये सब भी मेरी तरह
इनको भी नाम दे दिया इंसान
अब ये इनके हैं मेरे नहीं
ये वो मेरा है तेरा नहीं
इन्ही ख्यालों में बंध गए हैं यहां
सुनता हूँ में शोर जाऊं अब जहां
ये वो मेरा है तेरा नहीं
इन्ही ख्यालों में बंध गए हैं यहां
सुनता हूँ में शोर जाऊं अब जहां
हमको बाँध दिया है हमने,
लकीरें खींच खींच हर जगह
ज़मीनो पर तो दिखती नहीं,
दिलों की ये दूरियां
लकीरें खींच खींच हर जगह
ज़मीनो पर तो दिखती नहीं,
दिलों की ये दूरियां
अब बांधने चलें हैं हम
एक दुसरे की परछाइयाँ
न तुझ पर गिरें, न मुझ पर गिरें
और गहरी हो जाएँ ये गहराइयाँ
एक दुसरे की परछाइयाँ
न तुझ पर गिरें, न मुझ पर गिरें
और गहरी हो जाएँ ये गहराइयाँ
चलो दूरयां सही, ये मजबूरोयां सही
लौट के आऊंगा मैं अब ये वादा रहा
ये नकली लकीरें ना रोक पाएंगी मुझको
मैं आऊंगा तेरे आगोश में फिर से यहां||
लौट के आऊंगा मैं अब ये वादा रहा
ये नकली लकीरें ना रोक पाएंगी मुझको
मैं आऊंगा तेरे आगोश में फिर से यहां||
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